Wednesday, 11 July 2018

वो क्या जाने #श्वेता...!
क्या होती है तन्हाई,
साख से टूटे पत्तों से पूछो
आख़िर क्या होती है जुदाई,
यूँ बेवफ़ाई का इल्ज़ाम
दे जाया करते हैं वो हरबार,
एक बार वक़्त से भी पूछ लेते
कब हमे उनकी याद ना आई...

#SwetaBarnwal 
कभी आँखों से छलकते हैं, 
कभी कागज पर उतरते हैं,
कुछ ऐसे भी दर्द हैं ज़िन्दगी में,
जो ताउम्र दिल में ही पलते हैं...

#SwetaBarnwal

Monday, 9 July 2018

मोहब्बत तो आज भी 
बहुत है तुमसे, 
बस अब हमने 
जताना छोड़ दिया, 
दिल में छुपे 
अरमानों को 
बस अब तुमसे 
बताना छोड़ दिया, 
इंतज़ार आज भी 
रहता है, 
तेरे एक msg
और call का,
बस इन बातों को
कहना छोड़ दिया,
तरसता तो 
आज भी है ये दिल 
तेरी एक झलक पाने को,
दर्द आँखों में 
आज भी पलते हैं 
जुदाई के 
बस अब हमने 
दिखाना छोड़ दिया, 
कल तक जिसके लिए 
बेचैन रहता था दिल 
हर घड़ी जिसका 
इंतज़ार था आँखों को 
बेकरारी तो आज भी 
बहुत है तेरा साथ पाने का 
बस तेरी याद मे अब हमने 
आँखों को रुलाना छोड़ दिया, 

#SwetaBarnwal 

Thursday, 5 July 2018

चलो अब जाने दो,
ये किस्सा
मोहब्बत का 
यहीं खत्म करो, 
क्या करोगे तुम
दास्तां हमारी सुन कर,
ख़ामोशी तुम
समझोगे नहीं, 
और बयां हमसे
होगा नहीं...

  • #SwetaBarnwal

बाकी सब ठीक है....!

यारों की यारी,
वो साथ बिताए लम्हें,
चंद सिक्के जेब में,
साथ मे यादों का कारवां,
और आँखों में दो बूंद आँसू,
बाकी सब ठीक है...

माँ के हाथों की रोटी,
पिता के साये में बेखौफ ज़िन्दगी,
भाई बहन के नोंक झोंक,
वो खूबसूरत सा बचपन,
और दिल में यादों की कसक,
बाकी सब ठीक है...

चेहरे पे झुर्रियां, 
बालों में पड़ी चांदी,
आँखों के नीचे काले निशान,
अतीत के साये का पहरा,
और दिल पे पड़ा जख्म गहरा,
बाकी सब ठीक है...

गैरों की छोड़ो 
अपनों का भी बेगानापन, 
कभी मेरी मासूमियत 
तो कभी मेरे नादानीयों से 
मिल कर खेला सबने यहां, 
बाकी सब ठीक है... 

#SwetaBarnwal 
लड़खड़ाये जो कदम 
तो उंगली उठाते हैं  लोग, 
दिल पे पड़े बोझ को #श्वेता 
भला कहाँ देख पाते हैं लोग...

#SwetaBarnwal 
जब सवालों के जवाब मिलने बंद हो जाए, 
तो समझ लीजिए कि वक़्त आ गया है
रिश्ते और रास्तों को एक नया मोड़ देने का...

#SwetaBarnwal 

ऐ विधाता...!

 ऐ विधाता...! ना जाने तू कैसे खेल खिलाता है...  किसी पे अपना सारा प्यार लुटाते हो, और किसी को जीवन भर तरसाते हो,  कोई लाखों की किस्मत का माल...