Tuesday, 12 June 2018

कुछ तेरा ख़ामोश सा ख़्याल और कुछ तेरी बातें,
बस इन्हीं ख्यालों मे गुज़र जाता है मेरा दिन, मेरी रातें...

#SwetaBarnwal

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ऐ विधाता...!

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