Tuesday, 26 June 2018

किसी और की गलतियों की वो सज़ा हमे दे जाते हैं,
और कहते हैं ज़िन्दगी में अब कुछ मज़ा बाकी नहीं रहा...

#SwetaBarnwal

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ऐ विधाता...!

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